21 मार्च 2025/ महासमुंद/ महासमुंद पुलिस ने बांगलादेशी चोर गिरोह के दो आरोपी , एक मानव तस्कर एवं एक सोनार को गिरफ्तार करने मे अहम सफलता हासिल की है । पुलिस ने इन आरोपियो से 58 लाख 52 हजार के ( हीरा , सोना , चांदी ) आभूषण , 7 हजार रुपये नगद एवं एक बाइक जब्त किया है । आप को बता दे कि महासमुंद जिले के बसना, सांकरा और सरायपाली थाना क्षेत्र में पिछले कुछ महीनों में कई चोरियां हुई थीं। जनवरी मे बसना के रहने वाले दिनेश अग्रवाल के घर से 5 लाख की चोरी हुई। फरवरी में सांकरा में देलनाथ पटेल के घर से करीब 4.43 लाख रुपए की चोरी की वारदात हुई। तीनों थाना क्षेत्रों में कुल 9 चोरियां हुईं थी।पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और विभिन्न सूत्रों की मदद से जांच की। जांच मे मिले सुराग के आधार पर सरायपाली के एक लॉज में छापेमारी कर 3 मार्च को बांग्लादेश निवासी मिलन मंडल (40) और मोहम्मद शफीक शेख उर्फ बाबू शेख को गिरफ्तार किया। दोनो से पूछताछ में पता चला कि आरोपी चोरी का माल पश्चिम बंगाल के दिनाजपुर निवासी सोनार जयदेव करमाकर को बेचते थे और मिलन मंडल ने पुलिस को बताया कि वह चोरी के गहने और पैसे अपनी पत्नी मनोआरा को बांग्लादेश भेजता था। चोरी का माल अफसर मंडल निवासी पश्चिम बंगाल निवासी के माध्यम से जयदेव करमाकर को बेचा जाता था। आरोपियों ने भारत में रहने के लिए फर्जी आधार कार्ड और पैन कार्ड भी बनवा रखे थे।बागबाहरा DSP के नेतृत्व में पुलिस टीम पश्चिम बंगाल के दिनाजपुर पहुंची। वहां टीम ने पश्चिम बंगाल पुलिस के साथ मिलकर पूरे ऑपरेशन को अंजाम दिया। पुलिस ने 7 मार्च को अफसर मंडल और जयदेव करमाकर दोनों को गिरफ्तार कर ट्रांसिट रिमांड पर महासमुंद जिला लाया और जेल दाखिल किया ।पुलिस ने रिमांड पर लेकर पुनः पूछताछ की तो आरोपी मिलन मंडल ने बताया कि वर्ष 2003 से लगातार 10 बार बांग्लादेश से भारत आना एवं भारत में अपनी पहचान छुपा कर रहने के लिए वर्ष 2015 में अपना पैन कार्ड पुरुलिया पश्चिम बंगाल के दलाल शब्बीर के माध्यम से बनवाना एवं वर्ष 2016 में कर्नाटक के हुगली के दलाल हसन से आधार कार्ड के पत्ते का बनवाना बताया । आरोपी मिलन मंडल पूर्व में भी छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर , रामानुजगंज , बलरामपुर, पेंड्रा, रायगढ़ में चोरी की घटना को अंजाम दे चुका है। जिला रायगढ़ के थाना चक्रधर नगर में उसके खिलाफ पहले से दो अपराध और कोतरा रोड में एक चोरी की अपराध दर्ज है। यही नहीं 2022 में रायगढ़ जेल में 2 साल का सज़ा काट चुका है। मिलन मंडल 2024 में रायगढ़ जेल से रिहा होने के बाद सरायपाली बसना सांकरा क्षेत्र में पहले फेरी वाले के रुप मे रेखी करता फिर चोरी की वारदात को अंजाम देता था। पुलिस को पश्चिम बंगाल के रहने वाले अफसर मंडल से पूछताछ में पता चला कि बांग्लादेश से अवैध रूप से लोगों को भारत में लाने तथा भारत से बांग्लादेश भेजने का काम करता है आरोपी मिलन मंडल को अक्सर बांग्लादेश से अवैध तरीके से बॉर्डर पार करा कर भारत लाया था अफसर मंडल अब तक 50-60 लोगों को बॉर्डर पार कर चुका है जिनमें से कुछ का नाम शाहबाज शाहीन रफीक तथा अन्य है जिनके निवास के संबंध में स्पष्ट जानकारी नहीं होना परंतु अधिकांश ग्राम परवतीपुर जिला दिनाजपुर राज्य रंगपुर बांग्लादेश होने के संबंध में बताया है । अफसर अली मंडल भारत में रह रहे बांग्लादेशीयो के पैसे को अन्य एजेंट के माध्यम से बांग्लादेश भेजता है तथा भारत में अवैध रूप से रह रहे बांग्लादेशियों को आवश्यकता पड़ने पर बांग्लादेश से पैसा भारत में मंगवाता था । अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्रीमती प्रतिभा पाण्डेय ने बताया कि इन आरोपियो पर विदेशियों विषयक अधिनियम 1946 की धारा 14, 14(A), BNS की धारा 331(4), 305(A) के तहत मामला दर्ज कर कार्यवाही कर रही है ।