




10 अप्रैल 2026/ महासमुंद/ जिले के विशेष जनजातीय और दूरस्थ इलाकों में रहने वाले लोगों के लिए स्वास्थ्य सेवाएं अब उनके गांव तक पहुंच रही हैं। प्रधानमंत्री जनमन योजना के तहत संचालित मोबाइल मेडिकल यूनिट इन क्षेत्रों के लिए किसी वरदान से कम नहीं साबित हो रही है। जो लोग पहले इलाज के लिए लंबी दूरी तय करते थे, अब उन्हें घर के पास ही मुफ्त और बेहतर इलाज मिल रहा है।

जानकारी के अनुसार, महासमुंद जिले में प्रधानमंत्री जनमन योजना की शुरुआत 15 नवंबर 2023 को हुई थी। 5 जनवरी 2026 को इस योजना के तहत जिले को 3 मोबाइल मेडिकल यूनिट मिलीं। ये यूनिट जिले के महासमुंद, बागबाहरा और पिथौरा ब्लॉक के 75 विशेष जनजातीय गांवों में हर 15 दिन में पहुंचकर स्वास्थ्य सेवाएं दे रही हैं। प्रत्येक मोबाइल मेडिकल यूनिट में एक डॉक्टर, एक लैब टेक्नीशियन, एक नर्स और एक वाहन चालक की टीम रहती है। यहां मरीजों का इलाज करने के साथ ही ब्लड प्रेशर, शुगर सहित अन्य जरूरी जांच भी मौके पर ही की जाती है। हाल ही में ग्राम पंचायत झालखम्हरिया में मोबाइल मेडिकल यूनिट पहुंची, जहां विशेष जनजातीय परिवारों ने उत्साहपूर्वक इलाज कराया। ग्रामीणों ने बताया कि अब उन्हें गांव में ही बेहतर स्वास्थ्य सुविधा मिल रही है।
मोबाइल मेडिकल यूनिट में तैनात चिकित्सक डॉ. हेमलता गुहार ने बताया कि यह योजना बेहद उपयोगी है और टीम नियमित रूप से हर 15 दिन में गांवों में पहुंचकर लोगों को उपचार और जांच सुविधा उपलब्ध करा रही है।
वहीं कलेक्टर विनय कुमार लंगेह ने कहा कि इस योजना का मुख्य उद्देश्य विशेष जनजातीय समुदाय को उनके घर के पास ही गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराना है, ताकि उन्हें दूर-दराज नहीं जाना पड़े।
गौरतलब है कि अब तक इस मोबाइल मेडिकल यूनिट के माध्यम से 3240 मरीजों का उपचार किया जा चुका है। साथ ही विभिन्न शिविरों के जरिए 3017 हितग्राहियों के आयुष्मान कार्ड भी बनाए गए हैं। प्रधानमंत्री जनमन योजना के तहत इन क्षेत्रों में आवास, सड़क और बिजली जैसी मूलभूत सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जा रही हैं। कुल मिलाकर, यह योजना दूरस्थ और विशेष जनजातीय क्षेत्रों के लिए एक बड़ी राहत बनकर सामने आई है, जहां अब स्वास्थ्य सेवाएं लोगों के द्वार तक पहुंच रही हैं।

