


न्यूज मंच डेस्क / महासमुंद/ छत्तीसगढ़ में बिजली दरों में हालिया बढ़ोतरी को लेकर कांग्रेस ने भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला है। महासमुंद स्थित कांग्रेस भवन में आयोजित पत्रकारवार्ता में वरिष्ठ कांग्रेस नेता राजेन्द्र तिवारी ने आरोप लगाया कि राज्य सरकार लगातार बिजली उपभोक्ताओं, किसानों और छोटे व्यापारियों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ डाल रही है। उन्होंने बिजली दरों में की गई वृद्धि को तत्काल वापस लेने तथा बढ़े हुए बिजली बिलों की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की।पत्रकारों से चर्चा करते हुए राजेन्द्र तिवारी ने कहा कि भाजपा सरकार के कार्यकाल में प्रदेश में पांचवीं बार बिजली दरों में वृद्धि की गई है। उनके अनुसार घरेलू उपभोक्ताओं के लिए प्रति यूनिट 30 से 50 पैसे तथा गैर-घरेलू उपभोक्ताओं के लिए 20 से 40 पैसे तक की बढ़ोतरी की गई है। वहीं कृषि पंपों की बिजली दरों में भी 40 पैसे प्रति यूनिट की वृद्धि की गई है।उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने हाल ही में 12 प्रतिशत विद्युत ईंधन अधिभार (एफपीपीए) लागू कर पहले ही उपभोक्ताओं पर अतिरिक्त भार डाल दिया था, इसके बावजूद बिजली दरों में लगातार इजाफा किया जा रहा है।तिवारी ने दावा किया कि कांग्रेस शासनकाल में पांच वर्षों के दौरान बिजली दरों में केवल 2 पैसे की वृद्धि हुई थी और बिजली बिल हाफ योजना के माध्यम से आम जनता को बड़ी राहत मिलती थी। कांग्रेस नेता ने कहा कि प्रदेशभर में उपभोक्ताओं को पिछले कुछ महीनों से सामान्य से कई गुना अधिक बिजली बिल प्राप्त हो रहे हैं, जिससे लोगों में नाराजगी बढ़ रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि बिजली विभाग उपभोक्ताओं की सहमति के बिना कनेक्शन का अनुबंध भार (लोड) बढ़ा रहा है तथा स्मार्ट मीटरों में वास्तविक खपत से अधिक रीडिंग दर्ज होने की शिकायतें भी लगातार सामने आ रही हैं। इसके कारण उपभोक्ताओं पर अतिरिक्त शुल्क और अर्थदंड का बोझ पड़ रहा है। कांग्रेस ने मांग की है कि बिजली दरों में की गई वृद्धि तत्काल वापस ली जाए, बढ़े हुए बिजली बिलों की जांच कराई जाए तथा आम जनता और किसानों को राहत देने के लिए प्रभावी कदम उठाए जाएं।

