



न्यूज मंच/महासमुंद/ महर्षि विद्या मंदिर, मचेवा में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण महासमुंद के तत्वावधान में विद्यार्थियों के लिए विधिक साक्षरता एवं जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें बच्चों को गुड टच और बैड टच के बारे में विस्तार से जानकारी देते हुए व्यक्तिगत सुरक्षा एवं अपने अधिकारों के प्रति जागरूक किया गया।कार्यक्रम में द्वितीय अपर सत्र न्यायाधीश, जिला एवं सत्र न्यायालय महासमुंद आनंद बोरकर मुख्य रूप से उपस्थित रहे। विद्यालय के प्राचार्य राजेश कुमार तिवारी ने पुष्पगुच्छ भेंटकर उनका स्वागत एवं अभिनंदन किया।इस दौरान न्यायाधीश आनंद बोरकर ने विद्यार्थियों को सुरक्षित एवं असुरक्षित स्पर्श के बीच अंतर समझाया। उन्होंने कहा कि प्रत्येक बच्चे के लिए अपने शरीर की सुरक्षा के प्रति जागरूक रहना बेहद जरूरी है। किसी भी प्रकार के असहज या अनुचित व्यवहार की स्थिति में बच्चों को डरने अथवा संकोच करने के बजाय तत्काल अपने माता-पिता, शिक्षक या किसी विश्वसनीय बड़े व्यक्ति को इसकी जानकारी देनी चाहिए।उन्होंने बच्चों को व्यक्तिगत सुरक्षा, उनके अधिकारों और किसी भी अनुचित व्यवहार के खिलाफ आवाज उठाने के महत्व से भी अवगत कराया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों में आत्मविश्वास विकसित करना और उन्हें सुरक्षित रहने के प्रति जागरूक बनाना था।विद्यालय के प्राचार्य राजेश कुमार तिवारी ने जिला विधिक सेवा प्राधिकरण महासमुंद एवं न्यायाधीश आनंद बोरकर के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि इस तरह के जागरूकता कार्यक्रम बच्चों के सर्वांगीण विकास के साथ-साथ उनके लिए सुरक्षित वातावरण तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।कार्यक्रम में विद्यालय के शिक्षकगण एवं बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे।

