



न्यूज मंच/महासमुंद/विश्व नदी दिवस के अवसर पर महर्षि विद्या मंदिर, मचेवा, महासमुंद के महर्षि परिवार ने प्रकृति के सान्निध्य में आत्मीय एवं प्रेरणादायी यात्रा का आनंद लिया। दैनिक जीवन की व्यस्तताओं और भागदौड़ के बीच आयोजित इस अल्पकालिक प्रकृति भ्रमण ने सभी को तनावमुक्ति, आनंद और नई ऊर्जा का अनुभव कराया।प्रकृति की हरियाली और जलधारा के शांत वातावरण के बीच महर्षि परिवार के सदस्यों ने आपसी सौहार्द, हंसी-खुशी और आत्मीयता के पल साझा किए। इस दौरान नदियों के महत्व और उनके संरक्षण की आवश्यकता पर भी चर्चा हुई। सदस्यों ने कहा कि नदियां केवल जल की धारा नहीं, बल्कि जीवन, संस्कृति और सभ्यता का आधार हैं। स्वच्छ नदियां, निर्मल जल और हरी-भरी प्रकृति वर्तमान के साथ आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य के लिए आवश्यक हैं।यात्रा के दौरान प्रकृति के प्रति संवेदनशीलता और जल संरक्षण के प्रति प्रतिबद्धता का संदेश भी दिया गया। सदस्यों ने कहा कि समय-समय पर ऐसे सामूहिक प्रकृति-आधारित आयोजन होने चाहिए, ताकि व्यस्त जीवन के बीच मनुष्य प्रकृति से अपना जुड़ाव बनाए रख सके और पर्यावरण संरक्षण के प्रति अपनी जिम्मेदारी को महसूस करता रहे।प्राचार्य राजेश कुमार तिवारी के मार्गदर्शन में आयोजित इस यात्रा ने महर्षि परिवार के सदस्यों के बीच आपसी स्नेह, सहयोग और एकजुटता की भावना को और मजबूत किया। सभी ने नदियों के अविरल एवं निर्मल प्रवाह तथा प्रकृति के संरक्षण की मंगलकामना की।महर्षि परिवार के लिए यह छोटी-सी यात्रा समय की दृष्टि से भले ही अल्प रही, लेकिन अपने साथ अनेक सुंदर स्मृतियां, नई ऊर्जा और आत्मीयता की अनमोल अनुभूति छोड़ गई।

